नितेश राणे का तीखा बयान, सांप्रदायिक टिप्पणियों से सियासी हलचल तेज.
नितेश राणे का तीखा बयान, सांप्रदायिक टिप्पणियों से सियासी हलचल तेज
मंत्री और बीजेपी नेता नितेश राणे एक बार फिर अपने विवादास्पद बयानों को लेकर चर्चा में आ गए हैं। वसई में महानगरपालिका चुनाव के प्रचार के दौरान एक जनसभा को संबोधित करते हुए उन्होंने समुदाय विशेष को लेकर आपत्तिजनक और उकसाने वाली टिप्पणियां कीं, जिससे राजनीतिक माहौल और गरमा गया है।
रैली में नितेश राणे ने खुद को और अपनी सरकार को हिंदुत्ववादी विचारधारा से जोड़ते हुए कहा कि हिंदू समाज की ओर कोई भी गलत नजर से देखने की हिम्मत नहीं कर सकता। उन्होंने दावा किया कि सरकार और संगठन पूरी ताकत के साथ हिंदू समाज के साथ खड़े रहेंगे और किसी भी तरह की शरारत को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
अपने भाषण में उन्होंने त्योहारों, धार्मिक नारों और राजनीतिक समर्थन को लेकर भी तीखे बयान दिए। साथ ही उन्होंने विरोधी विचारधारा और नारे लगाने वालों पर आक्रामक टिप्पणी करते हुए उन्हें देश से बाहर भेजने जैसी बातें कहीं।
नितेश राणे के इन बयानों को लेकर विपक्षी दलों ने कड़ी आपत्ति जताई है और इसे समाज को बांटने वाला करार दिया है। वहीं, राजनीतिक गलियारों में इस बयानबाजी को नगर निकाय चुनावों से पहले ध्रुवीकरण की कोशिश के तौर पर देखा जा रहा है।