दिल्ली एआई समिट से जुड़ी बड़ी अपडेट: बिल गेट्स नहीं देंगे संबोधन, फाउंडेशन ने बताई वजह
दिल्ली में आयोजित एआई समिट से एक अहम खबर सामने आई है। माइक्रोसॉफ्ट के सह-संस्थापक और उद्योगपति बिल गेट्स ने इस समिट में भाषण नहीं देने का फैसला किया है।
इस बात की जानकारी Bill & Melinda Gates Foundation ने अपने आधिकारिक एक्स हैंडल के माध्यम से साझा की है।
अब कौन देंगे संबोधन?
फाउंडेशन की ओर से बताया गया है कि बिल गेट्स की जगह अब अंकुर वोरा समिट को संबोधित करेंगे। अंकुर वोरा, गेट्स फाउंडेशन के अफ्रीका और इंडिया हेड हैं और उनका भाषण फाउंडेशन के कार्यों तथा भविष्य की योजनाओं पर केंद्रित रहेगा।
क्यों लिया गया यह फैसला?
आयोजकों के अनुसार, यह निर्णय इसलिए लिया गया है ताकि समिट का पूरा ध्यान उसके मुख्य विषयों और प्राथमिकताओं पर केंद्रित रह सके। यह बदलाव कार्यक्रम की रूपरेखा को ध्यान में रखते हुए किया गया है।
भारत में काम पर नहीं पड़ेगा असर
गेट्स फाउंडेशन ने स्पष्ट किया है कि भारत में उसके कामकाज और साझेदारी में किसी भी प्रकार का बदलाव नहीं होगा। फाउंडेशन स्वास्थ्य और विकास से जुड़े लक्ष्यों पर भारत के साथ मिलकर काम करता रहेगा।
फाउंडेशन ने दोहराया है कि यह निर्णय केवल समिट के कार्यक्रम को ध्यान में रखकर लिया गया है और भारत में उसकी योजनाएं एवं सहयोग पहले की तरह मजबूती से जारी रहेंगे।
दिल्ली एआई समिट से जुड़ी बड़ी अपडेट: बिल गेट्स नहीं देंगे संबोधन, फाउंडेशन ने बताई वजह
दिल्ली में आयोजित एआई समिट से एक अहम खबर सामने आई है। माइक्रोसॉफ्ट के सह-संस्थापक और उद्योगपति बिल गेट्स ने इस समिट में भाषण नहीं देने का फैसला किया है।
इस बात की जानकारी Bill & Melinda Gates Foundation ने अपने आधिकारिक एक्स हैंडल के माध्यम से साझा की है।
अब कौन देंगे संबोधन?
फाउंडेशन की ओर से बताया गया है कि बिल गेट्स की जगह अब अंकुर वोरा समिट को संबोधित करेंगे। अंकुर वोरा, गेट्स फाउंडेशन के अफ्रीका और इंडिया हेड हैं और उनका भाषण फाउंडेशन के कार्यों तथा भविष्य की योजनाओं पर केंद्रित रहेगा।
क्यों लिया गया यह फैसला?
आयोजकों के अनुसार, यह निर्णय इसलिए लिया गया है ताकि समिट का पूरा ध्यान उसके मुख्य विषयों और प्राथमिकताओं पर केंद्रित रह सके। यह बदलाव कार्यक्रम की रूपरेखा को ध्यान में रखते हुए किया गया है।
भारत में काम पर नहीं पड़ेगा असर
गेट्स फाउंडेशन ने स्पष्ट किया है कि भारत में उसके कामकाज और साझेदारी में किसी भी प्रकार का बदलाव नहीं होगा। फाउंडेशन स्वास्थ्य और विकास से जुड़े लक्ष्यों पर भारत के साथ मिलकर काम करता रहेगा।
फाउंडेशन ने दोहराया है कि यह निर्णय केवल समिट के कार्यक्रम को ध्यान में रखकर लिया गया है और भारत में उसकी योजनाएं एवं सहयोग पहले की तरह मजबूती से जारी रहेंगे।