बिहार में बागियों पर सभी दलों ने शुरू किया एक्शन, भाजपा और जदयू के बाद अब राजद ने 27 नेताओं को पार्टी से निकाला.
पटना। बिहार विधानसभा चुनाव में जदयू और भाजपा के बाद अब राजद ने अपने 27 नेताओँ को पार्टी से निकाल दिया है। इनमें पार्टी की चर्चित महिला नेता रितु जायसवाल भी शामिल हैं। ये सभी अलग-अलग जिलों से हैं। इनमें से कुछ लोग राजद के अधिकृत प्रत्याशी के खिलाफ निर्दलीय चुनाव लड़ रहे हैं, तो कुछ लोगों पर पार्टी विरोधी गतिविधियों में लिप्त रहने के आरोप हैं।
राजद के प्रदेश अध्यक्ष मंगनी लाल मंडल ने निकाले गए नेताओं की सूची जारी की है। निकाले गए नेताओं में 4 पूर्व विधायक, प्रखंड अध्यक्ष से लेकर जिला महासचिव तक शामिल हैं। जिन राजद नेताओं को पार्टी ने निष्काषित किया है उनमें पटना परसा के विधायक छोटे लाल राय, परिहार की ऋतू जायसवाल, कटिहार के राजद के पूर्व विधायक राम प्रकाश महतो, मुजफ्फरपुर के पूर्व राजद विधायक अनिल सहनी, भोजपुर जिले के बड़हरा के पूर्व राजद विधायक सरोज यादव, मुजफ्फरपुर के पूर्व विधान पार्षद गणेश भारती, गोविंदपुर के विधायक मोहम्मद कामरान, नरपतगंज के पूर्व राजद विधायक अनिल यादव, चिरैया के पूर्व प्रत्याशी अक्षय लाल यादव भी शामिल हैं। इसके अलावा बेगूसराय जिले के चेरिया बरियारपुर में जिला प्रधान महासचिव की जिम्मेदारी संभल रहे राम सखा महतो,भागलपुर जिले में राज्य परिषद् सदस्य अवनीश कुमार,गया जी जिले के शेरघाटी के भगत यादव,भोजपुर जिले के संदेश के मुकेश यादव,वैशाली जिले में जिला प्रधान महासचिव की जिम्मेदारी संभल रहे संजय राय, दरभंगा में अति पिछड़ा प्रकोष्ट के उपाध्यक्ष कुमार गौरव और जिला महासचिव राजिव कुशवाहा को बाहर का रास्ता दिखा दिया है। साथ ही जले में व्यवसायिक प्रकोष्ठ के जिलाध्यक्ष महेश प्रसाद गुप्ता और वकील प्रसाद यादव उस सूची में शामिल हैं।
भाजपा ने चार नेताओं को निकाला था
बिहार में भाजपा ने पार्टी से बगावत करके विधानसभा चुनाव लड़ने वाले चार नेताओं को 6 साल के लिए निकाल दिया है। पार्टी ने यह कदम उन नेताओं के खिलाफ उठाया है, जिन्होंने एनडीए गठबंधन के उम्मीदवारों के खिलाफ जाकर चुनाव लड़ने का फैसला किया। भाजपा ने इसे पार्टी विरोधी गतिविधियां बताते हुए चारों नेताओं को बाहर का रास्ता दिखा दिया है।जिन चार नेताओं को पार्टी से निष्कासित किया गया है, उनमें बहादुरगंज से विधानसभा चुनाव लड़ने वाले वरुण सिंह शामिल हैं। इसके अलावा, गोपालगंज से चुनाव लड़ रहे अनूप कुमार श्रीवास्तव भी निष्कासित किए गए हैं। भाजपा ने ने कहलगांव से चुनाव लड़ने वाले विधायक पवन यादव को भी पार्टी से निष्कासित कर दिया है। पवन यादव पर पार्टी के फैसले का उल्लंघन करने का आरोप है। बड़हरा से चुनाव लड़ने वाले सूर्य भान सिंह को भी पार्टी से 6 साल के लिए बाहर कर दिया गया है।
जदयू ने भी अपने नेताओं पर लिया था एक्शन
जदयू ने भी 25 अक्टूबर को पूर्व मंत्री समेत 11 नेताओं को पार्टी से बाहर का रास्ता दिखा दिया था। इसमें पूर्व मंत्री शैलेश कुमार भी शामिल थे. इन सभी नेताओं पर आरोप था कि ये चुनाव प्रचार के दौरान पार्टी विरोधी गतिविधियों मंह शामिल पाए गए थे जिसके बाद पार्टी ने इन पर एक्शन लेते हुए बाहर का रास्ता दिखा दिया। निकाले गए नेताओं में शैलेश कुमार, संजय प्रसाद, श्याम बहादुर सिंह, रणविजय सिंह, सुदर्शन कुमार, अमर कुमार सिंह, आसमा परवीन, लब कुमार, आशा सुमन, दिव्यांशु भारद्वाज, विवेक शुक्ला शामिल थे। रविवार को भी पांच नेताओं को बाहर का रास्ता दिखा दिया। उनमें पूर्व मंत्री हिमराज सिंह, पूर्व विधायक गोपाल मंडल, पूर्व विधायक संजीव श्याम सिंह, महेश्वर यादव और उनके बेटे प्रभात के नाम शामिल हैं।