नए साल में NASA के बड़े मिशन: जनवरी 2026 में ISS पर दो अहम स्पेसवॉक, बढ़ेगी बिजली क्षमता और सुरक्षा.
नए साल में NASA के बड़े मिशन: जनवरी 2026 में ISS पर दो अहम स्पेसवॉक, बढ़ेगी बिजली क्षमता और सुरक्षा
नए साल की शुरुआत के साथ ही नासा अंतरिक्ष में दो बेहद अहम मिशन करने जा रहा है। जनवरी 2026 में इंटरनेशनल स्पेस स्टेशन के बाहर दो स्पेसवॉक किए जाएंगे, जिनका उद्देश्य स्टेशन की बिजली व्यवस्था को मजबूत करना, नए सोलर पैनल लगाने की तैयारी करना और जरूरी तकनीकी मरम्मत करना है। नासा ने इसकी जानकारी अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ के जरिए दी है।
नासा इन स्पेसवॉक से जुड़ी विस्तृत जानकारी 6 जनवरी को ह्यूस्टन स्थित जॉनसन स्पेस सेंटर में होने वाली मीडिया ब्रीफिंग में साझा करेगा। यह ब्रीफिंग नासा के यूट्यूब चैनल और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर लाइव प्रसारित की जाएगी।
पहला स्पेसवॉक 8 जनवरी 2026 को किया जाएगा। इस दौरान नासा के अंतरिक्ष यात्री जो काम करेंगें उनमे मुख्य काम ‘2A पावर चैनल’ को तैयार करना होगा, ताकि भविष्य में वहां इंटरनेशनल स्पेस स्टेशन रोल-आउट सोलर ऐरे लगाए जा सकें। ये नए सोलर पैनल स्टेशन को पहले से कहीं ज्यादा बिजली उपलब्ध कराएंगे और भविष्य में ISS के सुरक्षित व नियंत्रित डी-ऑर्बिट के लिए भी अहम साबित होंगे।
दूसरा स्पेसवॉक 15 जनवरी 2026 को किया जाएगा। इसमें कैमरा पोर्ट-3 पर लगे हाई-डेफिनिशन कैमरे को बदला जाएगा और हार्मनी मॉड्यूल पर आने वाले स्पेसक्राफ्ट के लिए नई नेविगेशन डिवाइस, यानी प्लानर रिफ्लेक्टर, लगाई जाएगी। इसके अलावा स्टेशन के S6 और S4 ट्रस पर अमोनिया सर्विसर जम्पर को दूसरी जगह शिफ्ट किया जाएगा। इस स्पेसवॉक में शामिल होने वाले अंतरिक्ष यात्रियों और सटीक समय की जानकारी नासा बाद में देगा।
ये इंटरनेशनल स्पेस स्टेशन के 278वें और 279वें स्पेसवॉक होंगे और साल 2026 के पहले दो स्पेसवॉक भी।