ईरान में सरकार विरोधी प्रदर्शन तेज़, 500 से ज़्यादा मौतें; ट्रंप की चेतावनी—‘रेड लाइन पार की, गंभीर अंजाम भुगतेंगे’.
ईरान में सरकार विरोधी प्रदर्शन तेज़, 500 से ज़्यादा मौतें; ट्रंप की चेतावनी—‘रेड लाइन पार की, गंभीर अंजाम भुगतेंगे’
ईरान में जारी सरकार विरोधी प्रदर्शन तीसरे सप्ताह में प्रवेश कर चुके हैं और हालात लगातार गंभीर होते जा रहे हैं। अमेरिका स्थित मानवाधिकार कार्यकर्ताओं की एक समाचार एजेंसी के मुताबिक, इन प्रदर्शनों के दौरान अब तक 500 से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि पूरे देश में 10,600 से ज्यादा लोगों को गिरफ्तार किया गया है।

इसी बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को कड़ी चेतावनी दी है। ट्रंप ने कहा कि ईरान ने प्रदर्शनकारियों की हत्या कर उनकी तय की गई “रेड लाइन” पार कर ली है। उन्होंने कहा, “ऐसे लोगों को मारा जा रहा है, जिन्हें नहीं मारा जाना चाहिए। ये नेता हिंसा के दम पर शासन कर रहे हैं और हम इस पर बेहद गंभीरता से विचार कर रहे हैं।”
ट्रंप ने आगे कहा कि अमेरिकी सेना सभी मजबूत विकल्पों पर विचार कर रही है और जल्द ही कोई बड़ा फैसला लिया जा सकता है। ईरान के खिलाफ संभावित कार्रवाई को लेकर अमेरिकी सैन्य नेतृत्व मंगलवार 13 जनवरी को राष्ट्रपति ट्रंप को विस्तृत ब्रीफिंग देगा। इसमें सैन्य हमले, साइबर हथियारों के इस्तेमाल, अतिरिक्त प्रतिबंध और सरकार विरोधी प्रदर्शनों को समर्थन देने जैसे विकल्पों पर चर्चा होगी।
उधर, ईरान ने चेतावनी दी है कि यदि अमेरिका ने हमला किया तो वह क्षेत्र में मौजूद अमेरिकी ठिकानों को निशाना बनाएगा। इस संभावित टकराव को देखते हुए इजरायल भी हाई अलर्ट पर है।
ईरान के भीतर प्रदर्शनकारियों पर सख्ती और तेज कर दी गई है। ईरानी सेना के वरिष्ठ अधिकारियों ने आंदोलनकारियों के खिलाफ कड़ा रुख अपनाने के संकेत दिए हैं। वरिष्ठ सुरक्षा अधिकारी अली लारीजानी ने कुछ प्रदर्शनकारियों पर इस्लामिक स्टेट जैसे आतंकी तरीकों को अपनाने का आरोप लगाते हुए हत्याओं और आगजनी की घटनाओं का दावा किया है।
वहीं, ईरान के अटॉर्नी जनरल मोहम्मद मोवाहेदी आज़ाद ने चेतावनी दी है कि गिरफ्तार प्रदर्शनकारियों पर “ईश्वर का शत्रु” होने का आरोप लगाया जा सकता है, जिसके तहत मृत्युदंड तक की सज़ा का प्रावधान है।