बेहतर इलाज की उम्मीद बनी आखिरी उड़ान: रांची-दिल्ली हवाई एंबुलेंस दुर्घटनाग्रस्त, सातों की मौत.
बेहतर इलाज की उम्मीद बनी आखिरी उड़ान: रांची-दिल्ली हवाई एंबुलेंस दुर्घटनाग्रस्त, सातों की मौत
झारखंड की राजधानी रांची से दिल्ली जा रही एक हवाई एंबुलेंस सोमवार देर शाम चतरा जिले के सिमरिया थाना क्षेत्र के जंगलों में दुर्घटनाग्रस्त हो गई। जिंदगी बचाने की कोशिश में निकली इस उड़ान में मरीज संजय कुमार समेत सात लोगों की दर्दनाक मौत हो गई।
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, खराब मौसम और उड़ान के दौरान वायु यातायात नियंत्रण से संपर्क टूटने के बाद यह हादसा हुआ। मृतकों में 40 वर्षीय संजय कुमार शामिल हैं, जो कुछ दिन पहले एक ढाबे में लगी भीषण आग में गंभीर रूप से झुलस गए थे। । रांची के एक निजी अस्पताल में पिछले दस दिनों से उनका उपचार चल रहा था, लेकिन स्थिति में अपेक्षित सुधार नहीं होने पर परिजनों ने उन्हें बेहतर इलाज के लिए दिल्ली ले जाने का निर्णय लिया।
संजय को एंबुलेंस विमान में स्थानांतरित किया गया। उनके साथ उनकी पत्नी और अन्य परिजन भी सवार हुए। सभी के मन में दुआ और उम्मीद थी, लेकिन यह उड़ान उनकी जिंदगी की अंतिम यात्रा बन गई। दिल्ली पहुंचने से पहले ही विमान सिमरिया के जंगलों में गिर गया और जीवन बचाने का प्रयास एक बड़ी त्रासदी में बदल गया।
जानकारी के अनुसार, उड़ान भरने के करीब आधे घंटे बाद ही यह दुर्घटनाग्रस्त हो गया। विमान में एक मरीज, एक चिकित्सक, एक पैरामेडिक कर्मी, दो सहायक, एक पायलट और एक सह-पायलट सवार थे।
इस दुर्घटना ने न केवल एक परिवार को उजाड़ दिया, बल्कि पूरे क्षेत्र को गहरे शोक में डुबो दिया है। बेहतर इलाज की उम्मीद में भरी यह उड़ान पल भर में मातम में बदल गई।