ब्रिटेन ने चागोस द्वीप समूह मॉरीशस को सौंपा, डिएगो गार्सिया रहेगा अमेरिका-ब्रिटेन के नियंत्रण में.
ब्रिटेन ने चागोस द्वीप समूह मॉरीशस को सौंपा, डिएगो गार्सिया रहेगा अमेरिका-ब्रिटेन के नियंत्रण में
हिंद महासागर में स्थित विवादित चागोस द्वीप समूह को लेकर वर्षों से जारी विवाद के बाद आखिरकार ब्रिटेन ने इसे मॉरीशस को सौंप दिया है। इस संबंध में गुरुवार को दोनों देशों के बीच एक संधि पर हस्ताक्षर किए गए।

डिएगो गार्सिया पर बना रहेगा पश्चिमी सैन्य नियंत्रण
चागोस द्वीप समूह के सबसे बड़े टापू डिएगो गार्सिया पर अमेरिका और ब्रिटेन का एक सामरिक रूप से महत्वपूर्ण नौसैनिक और बमवर्षक अड्डा स्थित है। ब्रिटेन ने स्पष्ट किया है कि यह समझौता इस सैन्य अड्डे के भविष्य को सुरक्षित बनाए रखने के उद्देश्य से किया गया है, जो वैश्विक सुरक्षा के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण माना जाता है।
इसी कारण डिएगो गार्सिया को ब्रिटेन-अमेरिका के नियंत्रण में ही रखा जाएगा, जबकि द्वीप समूह का बाकी हिस्सा मॉरीशस को सौंप दिया गया है।
विवादों और बातचीत का लंबा इतिहास
चागोस द्वीप समूह कई दशकों से ब्रिटेन के कब्जे में था और इसे लेकर मॉरीशस और ब्रिटेन के बीच लंबे समय से कूटनीतिक बातचीत जारी थी। अब इस समझौते के साथ एक महत्वपूर्ण अंतरराष्ट्रीय विवाद का समाधान निकला है, हालांकि डिएगो गार्सिया को लेकर अभी भी भौगोलिक और रणनीतिक जटिलताएं बनी हुई हैं।