अभिनेता से नेता बने विजय का एलान: मदुरै से लड़ेंगे चुनाव, द्रमुक-भाजपा गठबंधन से किया इनकार
अभिनेता से नेता बने विजय ने तमिलनाडु की राजनीति में आधिकारिक तौर पर कदम रख दिया है। उनकी पार्टी तमिलगा वेत्री कझगम (टीवीके) अगले साल होने वाले विधानसभा चुनाव से अपनी राजनीतिक पारी की शुरुआत करेगी।

मदुरै से चुनाव लड़ने का ऐलान
चेन्नई में विजय ने घोषणा की कि वह मदुरै पूर्व सीट से चुनाव लड़ेंगे।
उन्होंने लोगों से अपील की कि वे सभी सीटों पर टीवीके के प्रत्याशी को ही अपना उम्मीदवार मानें और उसी के अनुसार वोट दें।
गठबंधन पर साफ संदेश
- विजय ने स्पष्ट कर दिया कि उनकी पार्टी न तो सत्तारूढ़ द्रमुक के साथ और न ही भाजपा के साथ गठबंधन करेगी।
- उन्होंने कहा— “मैं एक शेर हूं। मैं अपना क्षेत्र चिह्नित कर रहा हूं। टीवीके एक अजेय शक्ति है, जो यहां प्रभुत्व स्थापित करने के लिए है।”
- उनके इस रुख के बाद भाजपा की सहयोगी अन्नाद्रमुक के साथ गठबंधन की संभावनाएं भी खत्म हो गई हैं।
- विजय ने दोहराया— “कोई गठबंधन नहीं होगा। 2026 का चुनाव द्रमुक और टीवीके के बीच होगा।”
राजनीतिक संदेश और प्राथमिकताएँ
51 वर्षीय विजय ने कहा कि उनका एकमात्र वैचारिक दुश्मन भाजपा है और राजनीतिक दुश्मन द्रमुक है।
उन्होंने टीवीके की राजनीति को “वास्तविक, भावनात्मक और लोगों की भलाई पर केंद्रित” बताया।
उनकी प्राथमिकताएँ होंगी—
- महिलाओं, बच्चों और बुजुर्गों की सुरक्षा
- किसान, युवा, ट्रांसजेंडर व्यक्ति और शारीरिक रूप से अक्षम लोगों का कल्याण
लोकप्रिय मुद्दों पर केंद्र सरकार को चुनौती
विजय ने दो प्रमुख मुद्दों पर केंद्र सरकार से कार्रवाई की मांग की:
- कच्चातीवु द्वीप की वापसी, ताकि श्रीलंकाई नौसेना के हमलों से तमिल मछुआरों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।
- मेडिकल प्रवेश परीक्षा NEET का रद्द होना, जिसे लेकर उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से सीधा सवाल किया—
“कच्चातीवु वापस लो! NEET रद्द करो! क्या आप ऐसा कर सकते हो, नरेंद्र मोदी जी?”
अभिनेता से नेता बने विजय का एलान: मदुरै से लड़ेंगे चुनाव, द्रमुक-भाजपा गठबंधन से किया इनकार
अभिनेता से नेता बने विजय ने तमिलनाडु की राजनीति में आधिकारिक तौर पर कदम रख दिया है। उनकी पार्टी तमिलगा वेत्री कझगम (टीवीके) अगले साल होने वाले विधानसभा चुनाव से अपनी राजनीतिक पारी की शुरुआत करेगी।
मदुरै से चुनाव लड़ने का ऐलान
चेन्नई में विजय ने घोषणा की कि वह मदुरै पूर्व सीट से चुनाव लड़ेंगे।
उन्होंने लोगों से अपील की कि वे सभी सीटों पर टीवीके के प्रत्याशी को ही अपना उम्मीदवार मानें और उसी के अनुसार वोट दें।
गठबंधन पर साफ संदेश
विजय ने स्पष्ट कर दिया कि उनकी पार्टी न तो सत्तारूढ़ द्रमुक के साथ और न ही भाजपा के साथ गठबंधन करेगी।
उन्होंने कहा— “मैं एक शेर हूं। मैं अपना क्षेत्र चिह्नित कर रहा हूं। टीवीके एक अजेय शक्ति है, जो यहां प्रभुत्व स्थापित करने के लिए है।”
उनके इस रुख के बाद भाजपा की सहयोगी अन्नाद्रमुक के साथ गठबंधन की संभावनाएं भी खत्म हो गई हैं।
विजय ने दोहराया— “कोई गठबंधन नहीं होगा। 2026 का चुनाव द्रमुक और टीवीके के बीच होगा।”
राजनीतिक संदेश और प्राथमिकताएँ
51 वर्षीय विजय ने कहा कि उनका एकमात्र वैचारिक दुश्मन भाजपा है और राजनीतिक दुश्मन द्रमुक है।
उन्होंने टीवीके की राजनीति को “वास्तविक, भावनात्मक और लोगों की भलाई पर केंद्रित” बताया।
उनकी प्राथमिकताएँ होंगी—
महिलाओं, बच्चों और बुजुर्गों की सुरक्षा
किसान, युवा, ट्रांसजेंडर व्यक्ति और शारीरिक रूप से अक्षम लोगों का कल्याण
लोकप्रिय मुद्दों पर केंद्र सरकार को चुनौती
विजय ने दो प्रमुख मुद्दों पर केंद्र सरकार से कार्रवाई की मांग की:
कच्चातीवु द्वीप की वापसी, ताकि श्रीलंकाई नौसेना के हमलों से तमिल मछुआरों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।
मेडिकल प्रवेश परीक्षा NEET का रद्द होना, जिसे लेकर उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से सीधा सवाल किया—
“कच्चातीवु वापस लो! NEET रद्द करो! क्या आप ऐसा कर सकते हो, नरेंद्र मोदी जी?”