पीओके में चैंपियंस ट्रॉफी टूर;बीसीसीआई की आपत्ति के बाद पीसीबी ने पीछे खींचे कदम .
पीओके में चैंपियंस ट्रॉफी टूर;बीसीसीआई की आपत्ति के बाद पीसीबी ने पीछे खींचे कदम
पाकिस्तान में चैंपियंस ट्रॉफी के दौरा कार्यक्रम में पीओके को शामिल करने के पीसीबी के कदम पर भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड बीसीसीआई ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद आईसीसी को कड़ी आपत्ति दर्ज कराई है। भारत की आपत्ति के बाद पीसीबी को अपने कदम पीछे खींचने पड़े है पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड पीसीबी चैंपियंस ट्रॉफी के दौरे को तीन मेजबान शहरों कराची, लाहौर और रावलपिंडी तक सीमित करने पर सहमत हो गया है।

गौरतलब है कि चैंपियंस ट्रॉफी का आयोजन पाकिस्तान में होना है, लेकिन बीसीसीआई ने अपनी टीम को पड़ोसी मुल्क भेजने से इनकार कर दिया है। इससे भड़के पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड पीसीबी ने एक चाल चली थी । दरअसल, पीसीबी ने इस टूर्नामेंट की ट्रॉफी की यात्रा निकालने का फैसला किया है। हालांकि, भारत को भड़काने के लिए उसने जिन जगहों से ट्रॉफी की यात्रा निकालने का फैसला किया है, उनमें से तीन पीओके के इलाके हैं। यह यात्रा 16 नवंबर से शुरू होगी और 24 नवंबर तक चलनी थी लेकिन भारत की आपत्ति के बाद पाकिस्तान को अपने कदम पीछे खींचने पड़े हैं ।
पीओके में चैंपियंस ट्रॉफी टूर;बीसीसीआई की आपत्ति के बाद पीसीबी ने पीछे खींचे कदम
पाकिस्तान में चैंपियंस ट्रॉफी के दौरा कार्यक्रम में पीओके को शामिल करने के पीसीबी के कदम पर भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड बीसीसीआई ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद आईसीसी को कड़ी आपत्ति दर्ज कराई है। भारत की आपत्ति के बाद पीसीबी को अपने कदम पीछे खींचने पड़े है पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड पीसीबी चैंपियंस ट्रॉफी के दौरे को तीन मेजबान शहरों कराची, लाहौर और रावलपिंडी तक सीमित करने पर सहमत हो गया है।
गौरतलब है कि चैंपियंस ट्रॉफी का आयोजन पाकिस्तान में होना है, लेकिन बीसीसीआई ने अपनी टीम को पड़ोसी मुल्क भेजने से इनकार कर दिया है। इससे भड़के पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड पीसीबी ने एक चाल चली थी । दरअसल, पीसीबी ने इस टूर्नामेंट की ट्रॉफी की यात्रा निकालने का फैसला किया है। हालांकि, भारत को भड़काने के लिए उसने जिन जगहों से ट्रॉफी की यात्रा निकालने का फैसला किया है, उनमें से तीन पीओके के इलाके हैं। यह यात्रा 16 नवंबर से शुरू होगी और 24 नवंबर तक चलनी थी लेकिन भारत की आपत्ति के बाद पाकिस्तान को अपने कदम पीछे खींचने पड़े हैं ।