सावरकर पर टिप्पणी को लेकर राहुल गांधी पर भड़के शिवसेना यूबीटी के नेता, चेहरे पर कालिख पोतने की दी धमकी.
मुंबई। वीर सावरकर पर राहुल गांधी की टिप्पणी का विवाद अभी थमा नहीं है। कांग्रेस के साथ महागठबंधन में शामिल शिवसेना यूबीटी के एक नेता ने बुधवार को कहा कि वह स्वतंत्रता सेनानी विनायक दामोदर सावरकर के बारे में अपमानजनक टिप्पणी के लिए राहुल गांधी के चेहरे पर कालिख पोत देंगे।
यह बयान नासिक में उद्धव ठाकरे के नेतृत्व वाली पार्टी की शहर इकाई के उप प्रमुख बाला दराडे ने दिया है। एक मराठी न्यूज चैनल से बात करते हुए बाला दराडे ने हिंदुत्व विचारक सावरकर की जयंती के अवसर पर कहा कि हमें गर्व है कि हम स्वातंत्र्यवीर सावरकर की जन्मभूमि में रहते हैं। सावरकर के बारे में राहुल गांधी का बयान, जिसमें उन्होंने उन्हें माफीवीर कहा था अपमानजनक था। हम इसकी कड़ी निंदा करते हैं। अगर राहुल गांधी नासिक आते हैं तो हम उनके चेहरे पर कालिख पोत देंगे। अगर हम ऐसा नहीं कर पाए तो हम उनके काफिले पर पथराव करेंगे।
उल्लेखनीय है कि महाराष्ट्र में शिवसेना यूबीटी और कांग्रेस पार्टी एनसीपी-एसपी को मिलाकर बने गठबंधन महा विकास अघाड़ी और केंद्रीय स्तर पर बने विपक्षी गठबंधन इंडिया में सहयोगी दल है। इधर, नासिक के रहने वाले देवेंद्र भूटाडा ने राहुल गांधी के खिलाफ मानहानि का मुकदमा दायर किया है, जिसमें दावा किया गया है कि लोकसभा में विपक्ष के नेता की तरफ से सावरकर के खिलाफ की गई कुछ टिप्पणियों से उनकी भावनाओं को ठेस पहुंची है। बाला दराडे ने आगे कहा कि उन्हें एमवीए के लिए अपनी धमकी के परिणामों की परवाह नहीं है। उन्होंने कहा कि हम सावरकर के खिलाफ अभद्र भाषा का इस्तेमाल करने वाले किसी भी व्यक्ति को बर्दाश्त नहीं करेंगे। महा विकास अघाड़ी का भविष्य चाहे जो भी हो, हम सावरकर का अपमान बर्दाश्त नहीं करेंगे। इस पर प्रतिक्रिया देते हुए शिवसेना (यूबीटी) की प्रवक्ता सुषमा अंधारे ने पत्रकारों से कहा कि बाला दराडे के विचार उनके अपने हैं और उद्धव ठाकरे के नेतृत्व वाली पार्टी का आधिकारिक रुख नहीं है।
कांग्रेस ने कहा-कुछ भी गलत नहीं
महाराष्ट्र कांग्रेस अध्यक्ष हर्षवर्धन सपकाल ने दराडे की धमकी को कायरतापूर्ण करार दिया। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी के पिता स्वर्गीय राजीव गांधी और दादी स्वर्गीय इंदिरा गांधी ने भारत की एकता के लिए अपने प्राणों की आहुति दी। कांग्रेस और उसका नेतृत्व ऐसी धमकियों से नहीं डरता। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी ने सावरकर के खिलाफ कोई अपमानजनक टिप्पणी नहीं की है। उन्होंने कहा कि उनकी टिप्पणियों में ऐतिहासिक संदर्भ हैं। यहां तक कि (पत्रकार और लेखक) अरुण शौरी, जो वाजपेयी सरकार में मंत्री थे, ने सावरकर पर एक किताब लिखी है और उस किताब में अधिकांश संदर्भ वही हैं जो राहुल गांधी ने कहा है।