भारत-अमेरिका द्विपक्षीय व्यापार समझौते पर वार्ता फिर शुरू
प्रस्तावित भारत-अमेरिका द्विपक्षीय व्यापार समझौते (BTA) पर अब तक पांच दौर की वार्ता हो चुकी है। छठा दौर 25 अगस्त को होना था, लेकिन अमेरिका द्वारा भारत पर 50% टैरिफ लगाने के बाद बातचीत स्थगित कर दी गई थी।

नई पहल
अब अमेरिकी टीम वार्ता के लिए भारत पहुंच चुकी है। दोनों देशों के बीच आज बातचीत होगी। यह वार्ता ऐसे समय हो रही है जब ट्रंप प्रशासन की टैरिफ नीति के कारण तनाव बढ़ा था।
- अमेरिकी प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व ब्रेंडन लिंच (दक्षिण और मध्य एशिया के लिए सहायक अमेरिकी व्यापार प्रतिनिधि) कर रहे हैं।
- वह क्षेत्र के 15 देशों के साथ अमेरिकी व्यापार नीति के विकास और कार्यान्वयन की जिम्मेदारी संभालते हैं।
- इसके तहत अमेरिका-भारत व्यापार नीति फोरम (TPF) और ट्रेड एंड इन्वेस्टमेंट फ्रेमवर्क एग्रीमेंट (TIFA) की गतिविधियों का भी समन्वय करते हैं।
बदलता माहौल
हाल के दिनों में राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के रुख में बदलाव आया है।
- पीएम नरेंद्र मोदी ने इसे सकारात्मक बताते हुए कहा कि भारत और अमेरिका स्वाभाविक साझेदार हैं।
इसी माहौल में व्यापार वार्ता की बहाली दोनों देशों के लिए महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
भारत-अमेरिका द्विपक्षीय व्यापार समझौते पर वार्ता फिर शुरू
प्रस्तावित भारत-अमेरिका द्विपक्षीय व्यापार समझौते (BTA) पर अब तक पांच दौर की वार्ता हो चुकी है। छठा दौर 25 अगस्त को होना था, लेकिन अमेरिका द्वारा भारत पर 50% टैरिफ लगाने के बाद बातचीत स्थगित कर दी गई थी।
नई पहल
अब अमेरिकी टीम वार्ता के लिए भारत पहुंच चुकी है। दोनों देशों के बीच आज बातचीत होगी। यह वार्ता ऐसे समय हो रही है जब ट्रंप प्रशासन की टैरिफ नीति के कारण तनाव बढ़ा था।
अमेरिकी प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व ब्रेंडन लिंच (दक्षिण और मध्य एशिया के लिए सहायक अमेरिकी व्यापार प्रतिनिधि) कर रहे हैं।
वह क्षेत्र के 15 देशों के साथ अमेरिकी व्यापार नीति के विकास और कार्यान्वयन की जिम्मेदारी संभालते हैं।
इसके तहत अमेरिका-भारत व्यापार नीति फोरम (TPF) और ट्रेड एंड इन्वेस्टमेंट फ्रेमवर्क एग्रीमेंट (TIFA) की गतिविधियों का भी समन्वय करते हैं।
बदलता माहौल
हाल के दिनों में राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के रुख में बदलाव आया है।
पीएम नरेंद्र मोदी ने इसे सकारात्मक बताते हुए कहा कि भारत और अमेरिका स्वाभाविक साझेदार हैं।
इसी माहौल में व्यापार वार्ता की बहाली दोनों देशों के लिए महत्वपूर्ण मानी जा रही है।