मध्य पूर्व संकट के बीच भारत की सक्रिय कूटनीति: ईरान, जर्मनी और दक्षिण कोरिया से विदेश मंत्री की अहम बातचीत.
मध्य पूर्व संकट के बीच भारत की सक्रिय कूटनीति: ईरान, जर्मनी और दक्षिण कोरिया से विदेश मंत्री की अहम बातचीत
मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव के बीच भारत की कूटनीतिक सक्रियता तेज हो गई है। भारत के विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अरागची से फोन पर विस्तृत बातचीत की। क्षेत्र में संघर्ष शुरू होने के बाद दोनों नेताओं के बीच यह तीसरी बातचीत है।
यह बातचीत ऐसे समय हुई है जब होर्मुज जलडमरूमध्य में तेल आपूर्ति लगभग बाधित हो चुकी है, जिससे दुनिया के कई देशों की चिंता बढ़ गई है।
ईरान के अलावा एस. जयशंकर ने जर्मनी के विदेश मंत्री योहन वादेफु़ए और दक्षिण कोरिया के विदेश मंत्री चोह यन से भी संपर्क किया। इस दौरान मध्य पूर्व में तेजी से बदलते हालात और उसके वैश्विक प्रभावों पर चर्चा हुई।
विदेश मंत्री जयशंकर ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर जानकारी देते हुए लिखा कि ईरान के विदेश मंत्री अरागची के साथ जारी संघर्ष से जुड़े ताजा घटनाक्रम पर विस्तार से बातचीत हुई और दोनों पक्षों ने संपर्क बनाए रखने पर सहमति जताई।
गौरतलब है कि ईरान में मोजतबा खामेनेई को नया सर्वोच्च नेता घोषित किए जाने के बाद दोनों विदेश मंत्रियों के बीच यह पहली बातचीत थी। उनके पिता आयतुल्लाह अली खामेनेई की कुछ दिन पहले अमेरिका और इजराइल के हमले में मौत हो गई थी।