राज्यसभा में खड़गे ने पूर्व उपराष्ट्रपति धनखड़ को लेकर सत्ता पक्ष पर साधा निशाना, जेपी नड्डा ने कहा-हार से तकलीफ है तो डॉक्टर को दिखाएं.
नई दिल्ली। सोमवार से संसद का शीतकालीन सत्र शुरू हो चुका है और पहले ही दिन दोनों सदनों में गरमाहट रही। सत्र की शुरुआत में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राज्यसभा के सभापति सी.पी. राधाकृष्णन का खास अंदाज में स्वागत किया, वहीं कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने पूर्व उप राष्ट्रपति का जिक्र कर भाजपा पर वार किया। इस पर हंगामा हो गया और भाजपा के राष्ट्रीयअध्यक्ष जेपी नड्डा ने पलटवार किया।
खड़गे ने सत्ता पक्ष की तरफ इशारा करते हुए सभापति राधाकृष्णन से कहा कि मुझे आशा है कि आप दोनों तरफ बराबर हिस्सेदारी देंगे। दोनों तरफ बराबर ध्यान रखेंगे। आप अपने आसन से उस तरफ ज्यादा न देखें इस पर खतरा है और अगर इधर नहीं देखेंगे तो भी खतरा है, इसलिए आप दोनों तरफ संतुलन बना कर रखें तो अच्छा होगा। आपके सफल कार्यकाल की कामना करता हूं।
धनखड़ के बहाने सत्ता पक्ष पर वार
खड़गे ने पूर्व उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ का जिक्र करते हुए कहा कि मुझे बड़ा दुख हुआ है, पूर्व चैयरमैन को फेयरवेल का मौका नहीं मिला, पर हमें आशा है कि हमारे पूर्व के चैयरमेन का स्वास्थ्य अच्छा होगा। इस पर भाजपा के सदस्य नाराज हो गए और हंगामा होने लगा। केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा कि खड़गे जी ने एक बात का जिक्र किया, वह सही नहीं किया।
हार से तकलीफ है तो डॉक्टर को बताएं-नड्डा
जेपी नड्डा ने कहा कि हमें सम्मान कार्यक्रम की गरिमा बनाए रखनी चाहिए, और अच्छा होगा अगर हम उसी हिसाब से इस पर चर्चा करें। अगर हम उस मुद्दे पर चर्चा करना शुरू कर दें, जो हमारे विपक्ष के नेता ने आज उठाया जैसे विदाई और बाकी सभी विषय, तो मुझे लगता है कि यह बेमतलब है। जेपी नड्डा ने आगे कहा कि यहां से यह भी चर्चा होगी कि आप उनके (जगदीप धनखड़) खिलाफ एक बार नहीं बल्कि दो बार अविश्वास प्रस्ताव लाए। मुझे लगता है कि हमारे विपक्ष के नेता बहुत सम्मानजनक हैं। बिहार, हरियाणा और महाराष्ट्र में हार से आपको बहुत दर्द हुआ है, लेकिन आपको अपना दर्द और तकलीफ किसी डॉक्टर को बतानी चाहिए। समय आने पर आपको डॉक्टर से बात करनी चाहिए।
पीएम मोदी के बयान पर भी बोले खड़गे
खड़गे ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर पलटवार भी किया। उन्होंने कहा कि शीतकालीन सत्र के पहले दिन प्रधानमंत्री ने संसद के समक्ष मुख्य मुद्दों की बात करने के बजाय फिर से ड्रामेबाजी की है। उन्होंने यह भी कहा कि भाजपा को अब ध्यान भटकाने का नाटक खत्म कर जनता के असली मुद्दों पर संसद में चर्चा करनी चाहिए।