नए साल पर कड़ाके की ठंड का कहर: उत्तर भारत में घना कोहरा, 300 से ज्यादा उड़ानें प्रभावित, बर्फबारी–बारिश का अलर्ट.
नए साल पर कड़ाके की ठंड का कहर: उत्तर भारत में घना कोहरा, 300 से ज्यादा उड़ानें प्रभावित, बर्फबारी–बारिश का अलर्ट
नए साल 2026 की शुरुआत उत्तर भारत में भीषण ठंड और घने कोहरे के साथ हुई। राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली समेत पूरे उत्तर भारत में ठिठुरन ने जनजीवन को प्रभावित कर दिया है। पहाड़ी इलाकों में बर्फबारी और मैदानी क्षेत्रों में सर्द हवाओं के चलते हालात और ज्यादा कठिन हो गए हैं। बुधवार को दिल्ली और श्रीनगर समेत 300 से अधिक उड़ानें प्रभावित रहीं, जबकि सड़क, रेल और हवाई यातायात बुरी तरह बाधित हुआ। महाराष्ट्र की राजधानी मुंबई में साल के पहले दिन बारिश हुई

मध्य, पूर्व और पूर्वोत्तर भारत तक ठंड का असर देखने को मिला। हिमालयी राज्यों में बारिश और बर्फबारी के बाद मैदानों में ठंडी हवाएं चल रही हैं। घने कोहरे ने दृश्यता बेहद कम कर दी, जिससे आम जनजीवन लगभग ठहर सा गया। मौसम विभाग के अनुसार, उत्तर भारत में अगले चार से पांच दिनों तक घना कोहरा बने रहने की संभावना है। दिल्ली-एनसीआर और उत्तर प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश के भी आसार हैं।
पश्चिम बंगाल के गंगा किनारे वाले इलाके, बिहार, मध्य प्रदेश और असम के अलग-अलग हिस्सों में भी कोहरे का प्रकोप रहा। तीखी ठंडी हवाओं ने लोगों को घरों में रहने पर मजबूर कर दिया।
। दिल्ली-एनसीआर में दिनभर धूप नहीं निकलने से दृश्यता और गिर गई, जिसका सबसे ज्यादा असर ट्रेनों और उड़ानों पर पड़ा। इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डे पर कम दृश्यता के कारण 148 उड़ानें रद्द करनी पड़ीं, जिनमें 78 आगमन और 70 प्रस्थान शामिल हैं।
मैदानी राज्यों में शीतलहर के चलते तापमान में भारी गिरावट दर्ज की गई। पंजाब के अमृतसर में न्यूनतम तापमान 6.1 डिग्री सेल्सियस रहा। हरियाणा में रोहतक सबसे ठंडा रहा, जहां न्यूनतम तापमान 4.2 डिग्री दर्ज किया गया। राजस्थान के करौली में तापमान 4.6 डिग्री सेल्सियस तक गिर गया। मौसम विभाग ने बताया कि एक जनवरी को पंजाब, हरियाणा, पश्चिमी राजस्थान और उत्तर प्रदेश में हल्की बारिश हो सकती है। पूर्वी यूपी और हिमाचल प्रदेश में शीत दिवस, जबकि बिहार में गंभीर शीत दिवस की चेतावनी जारी की गई है।
कश्मीर घाटी के ऊंचाई वाले इलाकों में ताजा बर्फबारी हुई है। बांदीपोरा के गुरेज, बारामूला के गुलमर्ग और कुपवारा के मच्छिल में बर्फ की चादर बिछ गई है। मौसम विभाग ने एक और दो जनवरी के दौरान जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, गिलगित-बाल्टिस्तान और मुजफ्फराबाद में गरज के साथ भारी बारिश, वज्रपात और बर्फबारी की संभावना जताई है। ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फ जमने से सड़कों के बंद होने और आवाजाही प्रभावित होने का खतरा बढ़ गया है।
हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में तीन जनवरी तक बारिश और बर्फबारी के आसार हैं। उत्तर प्रदेश के 14 जिलों में गुरुवार को बारिश की संभावना जताई गई है, जबकि 35 जिलों में दिन के तापमान में भारी गिरावट के चलते शीत दिवस की चेतावनी जारी की गई है।