पहलगाम आतंकी हमले को लेकर एनआईए ने दाखिल की चार्जशीट, लश्कर के टॉप कमांडर साजिद जट्ट ने रची थी साजिश.
नई दिल्ली। पहलगाम आतंकी हमले के मामले में एनआईए ने जम्मू की स्पेशल कोर्ट में चार्जशीट दाखिल कर दी है। इसमें लश्कर-ए-तैयबा के आतंकवादी साजिद जट्ट को इस आतंकी हमले का मुख्य साजिशकर्ता बताया गया है। एनआईए ने जट्ट पर 10 लाख रुपए का इनाम घोषित कर रखा है।
उल्लेखनीय है कि चार्जशीट दाखिल करने की 180 दिन की समय सीमा 18 दिसंबर को खत्म हो रही है। एनआईए ने 15 दिसंबर को तय समय सीमा के भीतर कोर्ट में चार्जशीट दाखिल कर दी। चार्जशीट के अनुसार पहलगाम इलाके के दो निवासी, बशीर अहमद जोथर और परवेज अहमद जोथर को 22 जून 2025 को गिरफ्तार किया गया था। गिरफ्तार किए गए दोनों लोगों पर तीन पाकिस्तानी आतंकवादियों, सुलेमान शाह, हमजा अफगानी उर्फ अफगानी और जिब्रान को पनाह देने और लॉजिस्टिकल सपोर्ट देने का आरोप है, जिन्होंने हमला किया था।
गृह मंत्री ने संसद में भी की थी पुष्टि
एनआईए ने जांच पूरी करने के लिए शुरुआती 90 दिन की अवधि के अलावा अतिरिक्त 45 दिन का समय मांगा था, जिसे कोर्ट ने मंजूर कर लिया था। हमले को अंजाम देने में आतंकी संगठन लश्कर-ए-तैयबा से जुड़े पाकिस्तान स्थित आतंकवादियों की संलिप्तता की पुष्टि पहले केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने संसद में की थी। एनआईए ने अपनी चार्जशीट में लश्कर के टॉप कमांडर साजिद को पहलगाम आतंकी हमले का मुख्य साजिशकर्ता बताया है। साजिद का पूरा नाम सैफुल्लाह साजिद जट्ट है। वह पाकिस्तान के पंजाब राज्य के कसूर जिले का रहने वाला है। सैफुल्लाह लश्कर-ए-तैयबा में हाफिज सईद के बाद तीसरे नंबर का नेता है।
टीआरएफ का चीफ है साजिद
साजिद लश्कर के प्रॉक्सी संगठन द रेसिस्टेंस फ्रंट (टीआरएफ) का चीफ है। यही संगठन जम्मू-कश्मीर में आतंकी घटनाओं को अंजाम देता है। टीआरएफ ने ही पहलगाम आतंकी हमले को अंजाम दिया था। सरकार ने आरएफ को 2023 में बैन कर दिया था। साजिद पर भी एनआईए ने 10 लाख रुपये का इनाम घोषित किया है। एनआईए ने अब तक एक हजार से अधिक लोगों से पूछताछ की है, जिनमें पर्यटक, टट्टू मालिक, फोटोग्राफर, दुकानदार और कर्मचारी शामिल हैं।