ईरान के सर्वोच्च नेता आयातुल्ला मोजताबा खामेनेई का पहला बयान, कहा-हर मौत का बदला लेंगे, बंद रहेगा स्ट्रेट ऑफ होर्मुज .
नई दिल्ली। मिडिल ईस्ट में जारी जंग के दौरान ईरान के सर्वोच्च नेता आयातुल्ला मोजताबा खामेनेई का पहला बयान सामने आया है। इसमें उन्होने कहा है कि वह अमेरिका से हर मौत का बदला लेंगे। उन्होंने कहा कि जंग में हम दूसरे फ्रंट भी खोल सकते हैं, जिसके दुश्मन को एहसान भी नहीं होगा। मोज्तबा खामेनेई ने कहा कि ईरान ने दुश्मनों का रास्ता रोक दिया और स्ट्रेट ऑफ होर्मुज अभी बंद रहेगा।
मोज्तबा खामेनेई का बयान गुरुवार को सरकारी टेलीविजन पर आया। इसमें वे खुद कैमरे पर दिखाई नहीं दिए, बल्कि एक एंकर ने उनका बयान पढ़ा। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर मिडिल ईस्ट में अमेरिकी सैन्य अड्डे चालू रहे तो उन पर हमला हो सकता है। उनका इशारा खाड़ी देशों की तरफ था। उन्होंने कहा कि इस क्षेत्र में सभी अमेरिकी सैन्य अड्डों को तुरंत बंद कर देना चाहिए। ईरानी नेता ने युद्ध में मारे गए लोगों का बदला लेने की कसम खाई और दावा किया कि ईरान अपने दुश्मन से मुआवजा लेगा। उन्होंने कहा कि अगर दुश्मन ऐसा करने से मना करता है तो ईरान उसकी संपत्तियों को जब्त कर लेगा या उन्हें उसी हद तक नष्ट कर देगा
मोज्तबा खामेनेई ने स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को लेकर भी बयान दिया। उन्होंने कहा कि ईरान को जंग में एक रणनीतिक मार्ग का इस्तेमाल दबाव बनाने के लिए जारी रखना चाहिए। उन्होंने कहा कि ईरान को स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को बंद करने के हथियार का इस्तेमाल करते रहना चाहिए। उन्होंने साफ किया कि पड़ोसी देशों के प्रति ईरान की नीति सहयोग की बनी हुई है। ईरान क्षेत्रीय देशों के साथ मैत्रीपूर्ण संबंधों का समर्थन करता है, लेकिन उन्हें अमेरिकी सेनाओं की मेजबानी के खिलाफ चेतावनी भी देता है।
मोज्तबा खामेनेई ने कहा कि तेहरान अपने नागरिकों की हत्या का बदला लेने में जरा भी संकोच नहीं करेगा। उन्होंने दक्षिणी ईरानी शहर मीनाब में हुए हमले का जिक्र किया, जहां युद्ध के पहले ही दिन मिसाइल हमले में एक लड़कियों का स्कूल तबाह कर दिया गया। उन्होंने कहा कि हम किसी की शहादत नहीं भूलेंगे। हम हर मौत का बदला लेंगे हम अपने शहीदों के खून को व्यर्थ नहीं जाने देंगे।