एशिया कप के फाइनल में तिलक वर्मा ने लगवाया भारत को जीत का तिलक, पाकिस्तान पांच विकेट से हारा.
नई दिल्ली। एशिया कप के फाइनल में भारत ने पाकिस्तान को पांच विकेट से हरा दिया। टीम इंडिया कुल 9वीं बार एशियाई चैंपियन बनी है। फाइनल मैच में पाकिस्तान ने पहले खेलते हुए 146 रन बनाए थे। जवाब में भारतीय टीम ने आखिरी ओवर में मैच जीत लिया है। आज की जीत के हीरो तिलक वर्मा रहे, उन्होंने 69 रनों की अर्धशतकीय पारी खेली। विजयी चौका हार्दिक पंड्या की जगह टीम में शामिल किए गए रिंकू सिंह ने लगाया।
पाकिस्तान टीम पहले बैटिंग करने आई, तो साहिबजादा फरहान और फखर जमान ने 84 रनों की सलामी साझेदारी कर टीम को शानदार शुरुआत की। फरहान ने 57 रनों की अर्धशतकीय पारी खेली। फरहान के आउट होते ही पाकिस्तानी टीम भरभराकर गिर गई। 146 रन बनाकर पाकिस्तान के सारे खिलाड़ी आउट हो चुके थे।
भारतीय टीम की शुरुआत काफी खराब रही। अभिषेक शर्मा और शुभमन गिल क्रमशः 5 रन और 12 रन बनाकर आउट हो गए। कप्तान सूर्यकुमार यादव भी अपनी खराब फॉर्म में कोई सुधार नहीं ला सके, जो सिर्फ 1 रन बनाकर आउट हो गए। इसके बाद तिलक वर्मा ने मोर्चा संभालते हुए। उनका साथ संजू सैमसन ने दिया, लेकिन वे भी आउट हो गए। सैमसन ने महत्वपूर्ण मौके पर 21 गेंद में 24 रन बनाए। संजू के बाद मैदान पर आए शिवम दुबे। दुबे लंबे शॉट्स लगाने के लिए जाने जाते हैं। हारिस रऊफ द्वारा फेंके गए 15वें ओवर में दुबे ने दो चौके और तिलक ने एक छक्का मार 17 रन बनाए। अगले ओवर में तिलक ने अपना अर्धशतक पूरा किया। तिलक ने 41 गेंदों में अपना अर्धशतक पूरा किया। आखिरी तीन ओवरों में भारत को जीत के लिए 30 रन चाहिए थे। रऊफ ने इस ओवर में अच्छी गेंदबाजी की , लेकिन आखिरी गेंद फुलटॉस दे बैठे जिस पर दुबे ने छक्का मार दिया। अब 12 गेंदों पर 17 रनों की जरूरत थी। ये ओवर फेंकने आए फहीम अशरफ जो पहली ही गेंद फेंकने से पहले चोटिल हो गए और फिजियो को आना पड़ा। 19वें ओवर की आखिरी गेंद पर फहीम ने दुबे को लॉन्ग ऑन पर अफरीदी के हाथों कैच करा दिया। दुबे ने 22 गेंदों पर 33 रन बनाए जिसमें दो चौके और दो छक्के मारे। आखिरी ओवर में भारत को 10 रन चाहिए थे, जिसे तिलक वर्मा और रिंकू सिंह ने पूरा कर दिया। विजयी चौका रिंकू सिंह ने मारा।