केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री का स्वागत करने पहुंच गया मेडिकल कॉलेज फर्जीवाड़े का आरोपी सुरेश भदौरिया, पुलिस अधिकारियों ने फटकने नहीं दिया.
इंदौर। पूरे देश में मेडिकल कॉलेजों को फर्जी मान्यता दिलाने का आरोपी इंडेक्स मेडिकल कॉलेज का मालिक सुरेश भदौरिया खुद को कानून से ऊपर समझता है। सीबीआई, ईडी, आयकर सहित सारी जांच एजेंसिया उसके पीछे पड़ी हैं, लेकिन उसकी हिम्मत इतनी की वह आज सोमवार को इंदौर एयरपोर्ट पर केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा का स्वागत करने पहुंच गया।
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा सोमवार शाम को इंदौर आए। वे कल धार में मेडिकल कॉलेज का भूमिपूजन करेंगे। एयरपोर्ट पर सीएम डॉ.मोहन यादव ने उनका स्वागत किया। इस दौरान इंदौर के अधिकांश विधायक और कई बड़े नेता मौजूद थे। इसी दौरान मेडिकल कॉलेजों को मान्यता दिलाने का आरोपी सुरेश भदौरिया भी एयरपोर्ट पर दिखा।
दीप्ति हाडा ने की मिलवाने की कोशिश
अपने इंडेक्स मेडिकल कॉलेज में कार्यरत डॉ.दीप्ति हाडा के माध्यम से भदौरिया एयरपोर्ट पर पहुंचा था। हाडा भाजपा नगर कार्यकारिणी में उपाध्यक्ष पद पर हैं और इनकी नियुक्ति का जमकर विरोध हुआ था। हाडा ने भदौरिया को स्वास्थ्य मंत्री से मिलवाने की पूरी कोशिश की।
नगर अध्यक्ष मिश्रा पर उठ रहे सवाल
इस पूरे प्रकरण में नगर अध्यक्ष सुमित मिश्रा पर भी सवाल उठ रहे हैं। भाजपा के नेता ही कह रहे हैं कि आखिर एक ऐसे आरोपी जिसे देश की कई जांच एजेंसियां तलाश कर रही हैं, उसे उनकी ही महामंत्री ने आखिर एयरपोर्ट ले जाने की हिम्मत कैसे की। भाजपा के लोगों का तो यह भी कहना है कि यह सारा खेल पैसे का है। दीप्ति हाडा को पैसे के दम ही पर ही पद दिया गया है।
पुलिस अधिकारियों को मिला था इनपुट
सुरेश भदौरिया के इंदौर एयरपोर्ट पहुंचने का इनपुट इंटेलिजेंस से पहले ही पुलिस अधिकारियों को मिल गया था। इसलिए एयरपोर्ट पर मौजूद पुलिस अधिकारी पहले से ही चौकन्ने थे। भदौरिया ने दीप्ति हाडा के माध्यम से मिलने की कोशिश की, लेकिन एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने उसे रोक दिया।
हाल ही में ईडी ने मारा था छापा
पूरे देश में फर्जीवाड़े के लिए कुख्यात इंदौर के इडेक्स मेडिकल कॉलेज पर हाल ही में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने छापा मारा है। ईडी ने यह कार्रवाई 10 राज्यों के 15 ठिकानों पर एक साथ शुरू की है। इससे पहले जुलाई महीने में सीबीआई ने इंडेक्स पर छापा मारा था? सीबीआई ने यह कार्रवाई मेडिकल कॉलेजों को फर्जी मान्यता दिलाने के केस में की थी।
सीबीआई ने दर्ज की है एफआईआर
सीबीआई ने 30 जून 2024 को फर्जी मान्यता मामले में एक एफआईआर दर्ज की थी, जिसमें सुरेश भदौरिया का नाम भी है। इसमें आरोप है कि नेशनल मेडिकल कमीशन (एनएमसी) के अधिकारियों सहित सरकारी अधिकारियों को रिश्वत दी गई थी। सीबीआई के अनुसार उन्होंने मेडिकल कॉलेजों के निरीक्षण से जुड़ी गोपनीय जानकारी बिचौलियों और कॉलेजों से जुड़े प्रमुख पदाधिकारियों को लीक की, जिसके बाद निरीक्षण के मानकों में हेरफेर कर अकादमिक कोर्स चलाने की मंजूरी हासिल की गई।
फर्जी मान्यता दिलाता है भदौरिया
इंडेक्स मेडिकल कॉलेज पर जुलाई में सीबीआई की टीम ने छापा मारा था। आरोप है कि कॉलेज ने मान्यता रिन्यू कराने के लिए बड़ा फर्जीवाड़ा किया। निरीक्षण रिपोर्ट अनुकूल बनाने के लिए रिश्वत दी, ताकि मान्यता बरकरार रहे। सीबीआई ने देशभर में ऐसे 40 संस्थानों पर कार्रवाई की है। इसका सिलसिला रायपुर से शुरू हुआ था, वहीं से इंडेक्स मेडिकल कॉलेज में भी गड़बड़ी के सुराग मिले। नवा रायपुर स्थित श्री रावतपुरा मेडिकल कॉलेज को 250 सीटों की मान्यता दिलाने के नाम पर 55 लाख की रिश्वत देने का मामला सामने आया था।
सीबीआई ने छापा मारा तो फरार हो गया
सीबीआई के छापे के बाद इंडेक्स मेडिकल कॉलेज का संचालक सुरेश भदौरिया फरार हो गया था। भदौरिया सहित 35 लोगों के खिलाफ रावतपुरा सरकार इंस्टीट्यूट आफ मेडिकल सांइसेज के घोटाले के मामले में धोखाधडी का केस दर्ज किया था। भदौरिया के खिलाफ दस साल पहले भी सीबीआई केस दर्ज कर चुकी है और उसकी गिरफ्तारी भी हो चुकी थी। इसके अलावा भदौरिया व्यापमं घोटाले का भी आरोपी रह चुका है।