टीमों के साथ इंदौर की नेतानगरी भी तैयार, कल स्टेडियम में भागीरथपुरा का गम भुलाएंगे नेता, रात तक करते रहे टिकट का जुगाड़.
इंदौर। होलकर स्टेडियम में जब भी कोई क्रिकेट मैच होता है, इंदौर के क्रिकेट प्रेमियों को हमेशा निराशा ही हाथ लगती है। ऑनलाइन टिकट मिलते नहीं और ब्लैक का टिकट लेने की स्थिति सबकी होती नहीं। लेकिन, हर मैच में इंदौर की नेतानगरी हमेशा बाजी मार जाती है। इस बार भी मैदान में भाजपा और कांग्रेस के अधिकांश नेता झांकी मंडप जमाते नजर आएंगे।
देश का सबसे साफ शहर इंदौर इन दिनों गंदे पानी के लिए पूरे देश में ख्यात हो गया है। इस पर जमकर राजनीति भी चल रही है। भाजपा से लेकर कांग्रेस नेता तक आंसू बहा रहे हैं। पीड़ित परिवारों के पास पहुंच कर सांत्वना दे रहे हैं। आज यानी शनिवार को लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी भी इंदौर आए। उन्होंने सरकार पर निशाना साधा, बदले में भाजपा ने फूल सिंह बरैया के बहाने राहुल गांधी पर वार किया। वार-पलटवार के खेल के बीच क्रिकेट भी जारी है। कल होलकर स्टेडियम में भारत और न्यूजीलैंड का मुकाबला होगा।
रात तक करते रहे टिकट का जुगाड़
इंदौर के क्रिकेट प्रेमी बेचारे स्टेडियम के आसपास कई दिनों से टिकट के लिए चक्कर लगा रहे हैं, लेकिन उन्हें निराशा ही हाथ लग रही है। कई क्रिकेट प्रेमी तो ब्लैक टिकट खरीदने के चक्कर में धोखाधड़ी के भी शिकार हुए हैं, लेकिन भाजपा और कांग्रेस के नेताओं के टिकट का जुगाड़ हो चुका है। जिनके पास टिकट नहीं नहीं है, वे रात तक लगे रहे।
कल भुलाएंगे भागीरथपुरा का गम
भागीरथपुरा पर आंसू बहा रहे दोनों दलों के नेता कल होलकर स्टेडियम में गम भुलाते नजर आएंगे। अधिकांश ने तैयारी कर ली है। कुछ नेताओं की तो पट्ठों के साथ जाने की तैयारी है। इसमें भाजपा के वे नेता भी शामिल हैं, जिन्हें जनता भागीरथपुरा की घटना के लिए जिम्मेदार मानती है।
सबसे ज्यादा टिकट मंत्री गुट के पास
एमपीसीए के सूत्र बताते हैं कि इस बार सबसे ज्यादा टिकट मंत्री कैलाश विजयवर्गीय के सुपुत्र और आईडीसीए के चेयरमैन आकाश विजयवर्गीय के पास हैं। यह वही आकाश विजयवर्गीय हैं, जिनकी टीम विधानसभा एक का पूरा काम देखती है। भागीरथपुरा की जिम्मेदारी भी इन्हीं के पास है। और इन्हीं ने पिछले दिनों वहां के पानी को पाक-साफ करार देते हुए कहा था कि अगर पानी गंदा होता, तो लोग पीते नहीं।
सोशल मीडिया पर दिखेगी झांकीबाजी
पिछले कुछ सालों से इंदौर में झांकीबाजी की परंपरा बढ़ती जा रही है। क्रिकेट मैच जैसे आयोजन तो झांकीबाजों के लिए स्वर्णिम अवसर होता है। फेसबुक और इंस्टाग्राम पर पट्ठों के साथ स्टेडियम का फोटो डालकर इंदौर में खुद को श्रेष्ठ साबित करने का मौका कोई नहीं छोड़ना चाहता। कल के मैच के लिए ये झांकीबाज पूरी तरह से तैयार हैं। देख लीजिएगा और पहचान भी लीजिएगा।