जीएसटी के नए स्लैब से आम लोगों को मिलेगी राहत, दूध, रोटी, पनीर सहित कई वस्तुएं टैक्स से बाहर, महीने का बजट होगा कम.
नई दिल्ली। गुड्स एंड सर्विस टैक्स (जीएसटी) के स्लैब में बदलाव से आम आदमी को राहत मिलने की उम्मीद है। रोजमर्रा के जीवन से जुड़ी चीजें सस्ती होंगी। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने बुधवार को बताया कि कुछ चीजों को टैक्स फ्री कर दिया गया है। नए बदलाव के बाद अब जीएसटी में दो स्लैब ही रहेंगे, पहला 5 प्रतिशत और दूसरा 18 प्रतिशत। यह बदलाव 22 सितंबर से लागू हो जाएगा।
दूध, रोटी, पनीर टैक्स से बाहर
नए बदलाव में रोजमर्रा के काफी सामान को टैक्स फ्री कर दिया गया है। इसमें दूध, छेना, पनीर, पिज्जा ब्रेड, खाखरा, सादी रोटी पर कर की दर पांच प्रतिशत से घटाकर शून्य कर दी गई है। पराठे पर अभी तक 18 प्रतिशत टैक्स लगता था, लेकिन अब इस पर भी जीरो जीएसटी लगेगी। आम उपयोग के खाद्य और पेय पदार्थों, मक्खन और घी से लेकर सूखे मेवे, कंडेंस्ड दूध, पनीर, अंजीर, खजूर, एवोकाडो, खट्टे फल, सॉसेज और मांस, चीनी से बनी कन्फेशनरी, जैम और फलों की जेली, नारियल पानी, नमकीन, 20 लीटर की बोतल में पैक पेयजल, फलों का रस, दूध, आइसक्रीम, पेस्ट्री और बिस्कुट, कॉर्न फ्लेक्स और अनाज युक्त पेय पदार्थ और चीनी से बनी मिठाइयों पर अब पांच प्रतिशत टैक्स ही लगेगा।
पढ़ाई के सामान भी होंगे सस्ते
सरकार ने पढ़ाई में इस्तेमाल होने वाले कुछ समानों पर भी टैक्स कम किया है। अब रबड़, मानचित्र, पेंसिल, शार्पनर और नोटबुक पर पांच प्रतिशत की जगह जीरो टैक्स लगेगा। शैम्पू, टैल्कम पाउडर, टूथपेस्ट, टूथब्रश, फेस पाउडर, साबुन और हेयर ऑयल पर कर की दरें 18 प्रतिशत से घटाकर पांच प्रतिशत कर दी गई हैं।
हेल्थ इंश्योरेंस के प्रीमियम पर बड़ी राहत
सरकार ने व्यक्तिगत जीवन बीमा और स्वास्थ्य बीमा पॉलिसी के प्रीमियम भुगतान पर जीएसटी को हटाने का फैसला किया है। इससे बीमा पॉलिसी सस्ती हो जाएगी। जीएसटी परिषद ने सीमेंट पर कर की दर को 28 प्रतिशत से घटाकर 18 प्रतिशत कर दिया है। इसके साथ 1,200 सीसी इंजन से कम और 4,000 मिमी से कम लंबाई वाले पेट्रोल, एलपीजी एवं सीएनजी वाहनों और 1,500 सीसी एवं 4,000 मिमी तक लंबाई वाले डीजल वाहनों पर कर की दर मौजूदा 28 प्रतिशत से घटकर 18 प्रतिशत हो जाएगी?
बाइक, एसी और टीवी भी होंगे सस्ते
वित्तमंत्री सीतारमण ने कहा कि 350 सीसी तक की मोटरसाइकिलें और एयर कंडीशनर, डिशवॉशर एवं टीवी जैसे उपभोक्ता इलेक्ट्रॉनिक प्रोडक्ट्स पर भी टैक्स को 28 प्रतिशत से घटाकर 18 प्रतिशत कर दिया गया है। 1,200 सीसी से ज्यादा और 4,000 मिमी से ज्यादा लंबी सभी गाड़ियों, 350 सीसी से ज्यादा क्षमता वाली मोटरसाइकिल और निजी उपयोग वाले विमानों एवं रेसिंग कारों पर 40 प्रतिशत कर लगेगा। अतिरिक्त चीनी वाले शीतल पेय पदार्थों पर 40 प्रतिशत कर लगेगा। इलेक्ट्रिक वाहनों पर पहले की तरह 5 प्रतिशत टैक्स लगता रहेगा।
40 प्रतिशत के स्लैब का भी प्रस्ताव
जीएसटी काउंसिल ने जीएसटी को मौजूदा चार स्लैब (5, 12, 18 और 28 प्रतिशत) की जगह सिर्फ दो स्लैब (5 और 18 प्रतिशत) रखने को मंजूरी दे दी है। महंगी कारों, तंबाकू और सिगरेट जैसी कुछ चुनिंदा वस्तुओं पर 40 प्रतिशत के विशेष स्लैब का प्रस्ताव किया गया है। पान मसाला, गुटखा, सिगरेट, जर्दा जैसे तंबाकू उत्पाद एवं बीड़ी को छोड़कर बाकी सभी उत्पादों के लिए नई दरें 22 सितंबर से प्रभावी हो जाएंगी।