मौसम का बदला मिज़ाज: उत्तर भारत में कोहरा बरकरार, पहाड़ों पर बारिश-बर्फबारी और शीतलहर की चेतावनी.
मौसम का बदला मिज़ाज: उत्तर भारत में कोहरा बरकरार, पहाड़ों पर बारिश-बर्फबारी और शीतलहर की चेतावनी
जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड के ऊंचाई वाले इलाकों में बारिश और बर्फबारी के चलते मैदानी क्षेत्रों में न्यूनतम तापमान में हल्की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। इससे लोगों को कड़ाके की सर्दी और शीतलहर से कुछ राहत जरूर मिली है और कुछ इलाकों में कोहरे की तीव्रता भी घटी है। हालांकि यह राहत अस्थायी मानी जा रही है, क्योंकि लगातार तीन पश्चिमी विक्षोभों के असर से मौसम एक बार फिर करवट लेने वाला है। अगले सात दिनों के दौरान पश्चिमी हिमालयी क्षेत्रों और आसपास के मैदानी इलाकों में बारिश की संभावना जताई गई है, जबकि ऊंची चोटियों पर हिमपात हो सकता है।
राजस्थान में भी भीषण शीतलहर से कुछ राहत मिली है और अधिकांश शहरों में न्यूनतम तापमान 10 डिग्री सेल्सियस से ऊपर दर्ज किया गया। अलवर में सबसे कम 7.2 डिग्री तापमान रहा, जबकि सिरोही, श्रीगंगानगर, बीकानेर और नागौर में 10 डिग्री से कम न्यूनतम तापमान रिकॉर्ड हुआ।
आईएमडी के अनुसार घने कोहरे से प्रभावित इलाकों में कुछ कमी आई है, लेकिन अभी भी कई स्थानों पर सुबह के समय अत्यधिक घना कोहरा छाया रहा। पंजाब और पूर्वी उत्तर प्रदेश के कुछ हिस्सों, हरियाणा और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के छिटपुट इलाकों में दृश्यता 50 मीटर से भी कम रही। पूर्वी राजस्थान, बिहार और मेघालय के कुछ इलाकों में भी घना कोहरा छाया रहा, जहां दृश्यता 50 से 199 मीटर के बीच दर्ज की गई। अमृतसर, अयोध्या, फुरसतगंज और लखनऊ में कुछ समय के लिए दृश्यता शून्य मीटर तक पहुंच गई।
पश्चिमी विक्षोभों के प्रभाव से जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, गिलगित-बाल्टिस्तान, मुजफ्फराबाद और हिमाचल प्रदेश में 20 से 22 जनवरी के बीच हल्की से मध्यम बारिश और बर्फबारी की संभावना है। इसके बाद 22 से 24 जनवरी के दौरान बारिश और हिमपात की तीव्रता बढ़ सकती है। खासतौर पर 23 जनवरी को कश्मीर, लद्दाख और हिमाचल प्रदेश के ऊंचे इलाकों में भारी बर्फबारी की चेतावनी जारी की गई है, जिससे जनजीवन और यातायात प्रभावित हो सकता है।