जम्मू-कश्मीर में सीजन की पहली बर्फबारी, प्रशासन अलर्ट.
जम्मू-कश्मीर में सीजन की पहली बर्फबारी, प्रशासन अलर्ट
जम्मू-कश्मीर में इस साल की पहली बर्फबारी हुई है, जिससे पहाड़ सफेद चादर से ढक गए हैं। मौसम विज्ञान केंद्र ने अगले तीन दिनों तक बारिश और ऊँचाई वाले इलाकों में बर्फबारी की संभावना जताई है।

- बर्फबारी और बारिश का अनुमान
- गुलमर्ग में बर्फबारी हो चुकी है।
- अब सोनमर्ग, गुरेज घाटी और अन्य ऊँचे इलाकों में भी भारी बर्फबारी की संभावना है।
- 4 से 7 अक्टूबर तक एक सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ जम्मू-कश्मीर को प्रभावित करेगा।
- इस दौरान मैदानी इलाकों में मध्यम से भारी बारिश और ऊँचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी हो सकती है।
- सरकारी तैयारी और निर्देश
- मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने प्रशासन को प्रतिकूल परिस्थितियों से निपटने के निर्देश दिए।
- आवश्यक सेवाओं की निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित करने के आदेश दिए गए।
- फलों की फसलों को संभावित नुकसान से बचाने और प्रमुख सड़कों व राजमार्गों को चालू रखने पर ज़ोर दिया गया।
मौसम विभाग का कहना है कि अक्टूबर के अंत तक कश्मीर में सर्दी का आगाज हो जाएगा।
जम्मू-कश्मीर में सीजन की पहली बर्फबारी, प्रशासन अलर्ट
जम्मू-कश्मीर में इस साल की पहली बर्फबारी हुई है, जिससे पहाड़ सफेद चादर से ढक गए हैं। मौसम विज्ञान केंद्र ने अगले तीन दिनों तक बारिश और ऊँचाई वाले इलाकों में बर्फबारी की संभावना जताई है।
बर्फबारी और बारिश का अनुमान
गुलमर्ग में बर्फबारी हो चुकी है।
अब सोनमर्ग, गुरेज घाटी और अन्य ऊँचे इलाकों में भी भारी बर्फबारी की संभावना है।
4 से 7 अक्टूबर तक एक सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ जम्मू-कश्मीर को प्रभावित करेगा।
इस दौरान मैदानी इलाकों में मध्यम से भारी बारिश और ऊँचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी हो सकती है।
सरकारी तैयारी और निर्देश
मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने प्रशासन को प्रतिकूल परिस्थितियों से निपटने के निर्देश दिए।
आवश्यक सेवाओं की निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित करने के आदेश दिए गए।
फलों की फसलों को संभावित नुकसान से बचाने और प्रमुख सड़कों व राजमार्गों को चालू रखने पर ज़ोर दिया गया।
मौसम विभाग का कहना है कि अक्टूबर के अंत तक कश्मीर में सर्दी का आगाज हो जाएगा।