अमेरिका दौरे पर बिलावल भुट्टो का विवादित बयान: अमेरिका पर आतंकवाद को बढ़ावा देने का लगाया आरोप, अफगानिस्तान भी निशाने पर.
अमेरिका दौरे पर बिलावल भुट्टो का विवादित बयान: अमेरिका पर आतंकवाद को बढ़ावा देने का लगाया आरोप, अफगानिस्तान भी निशाने पर
पाकिस्तान पीपुल्स पार्टी (PPP) के नेता और पूर्व विदेश मंत्री बिलावल भुट्टो जरदारी ने अपने अमेरिका दौरे के दौरान एक ऐसा बयान दे दिया है, जिससे पाकिस्तान की मुश्किलें और बढ़ सकती हैं। उन्होंने न केवल अमेरिका पर आतंकवाद को बढ़ावा देने का आरोप लगाया, बल्कि अफगानिस्तान पर आतंकियों को पनाह देने के भी संकेत दिए।

अमेरिका पर अफगानिस्तान में छोड़े गए हथियारों को लेकर गंभीर आरोप
बिलावल ने कहा कि जब अमेरिका ने अफगानिस्तान से वापसी की, तो उसने वहां जो हथियार छोड़ दिए, वे अब आतंकियों के हाथ लग चुके हैं, और यही हथियार अब पाकिस्तान की आंतरिक सुरक्षा के लिए चुनौती बन गए हैं।
उन्होंने कहा जब हम आतंकी समूहों से पाकिस्तान के भीतर लड़ते हैं, तो उनके पास ऐसे हथियार होते हैं जो हमारे सुरक्षाबलों के हथियारों से भी कहीं अधिक आधुनिक हैं। ये वही हथियार हैं जो अमेरिका ने अफगानिस्तान में छोड़े थे।”
क्षेत्रीय सहयोग की अपील लेकिन पाकिस्तान की भूमिका से बचते दिखे
हालांकि बिलावल भुट्टो ने क्षेत्रीय सहयोग बढ़ाने की बात भी कही। उन्होंने कहा हमें क्षेत्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सहयोग बढ़ाने की आवश्यकता है ताकि यह तय किया जा सके कि अमेरिका के जाने के बाद जो हथियार आतंकियों के पास पहुंचे हैं, उनसे कैसे निपटा जाए।”
लेकिन उन्होंने पाकिस्तान की अपनी भूमिका को पूरी तरह नज़रअंदाज किया, जबकि यह सर्वविदित है कि पाकिस्तान लंबे समय से आतंकवाद का गढ़ रहा है और दक्षिण एशिया ही नहीं, पूरी दुनिया में उसकी भूमिका पर सवाल उठते रहे हैं।
रिश्तों पर पड़ सकता है असर
बिलावल का यह बयान न केवल अमेरिका को नाराज़ कर सकता है, बल्कि अफगानिस्तान के साथ पाकिस्तान के रिश्तों को भी और खराब कर सकता है।
अभी हाल के दिनों में दोनों देशों के बीच संबंध सुधारने की कोशिशें चल रही थीं, लेकिन इस बयान से उन प्रयासों को झटका लग सकता है।
बिलावल भुट्टो जरदारी का यह बयान पाकिस्तान के लिए राजनयिक स्तर पर एक नया संकट खड़ा कर सकता है, खासकर उस समय जब देश पहले ही आंतरिक और आर्थिक संकटों से जूझ रहा है।